गांधार स्कूल ऑफ आर्ट के बारे में यहाँ जानें! सामवेद को ‘भारतीय संगीत का जनक’ माना जाता है। इसका गान करने वाले ब्राह्मण को ‘उद्गात्’ कहा जाता है। चूना पत्थर आधारित आग जलाने करने वाले उपकरण ‘ताज-उल-मासिर’ निशापुर (ईरान) के हसन निजामी की रचना है। जब निशापुर पर मंगोलों ने आक्र
Detailed Notes on प्राचीन भारत का इतिहास
ऐप्स आरएसएस विज्ञापन र॓टहमार॓ साथ काम करेंहमारे बारे मेंसंपर्क करेंगोपनीयताअस्वीकरणसाइट जानकारी आर्काइव शम्भाजी की मृत्यु के बाद शिवाजी के दूसरे पुत्र राजाराम ने गद्दी सम्हाली। उनके समय मराठों का उत्तराधिकार विवाद गहरा गया पर औरंगजेब भी बूढ़ा हो चला था इस लिए मराठों को सफलता मिलने लगी और